लीगल अम्बिट के साथियो को भारत मे बने पुलिस एक्ट (अधिनियम)2007 या कई राज्यो में सत्र आगे पीछे हो सकता है! पुलिस...
कोटपूतली में 23 दिसंबर-2024 से 1 जनवरी-2025 तक चले चेतना रेस्क्यू ऑपरेशन के संबंध में आरटीआई कार्यकर्ता ने मांगी सूचना LEGAL AMBIT...
मध्य प्रदेश हाईकोर्ट की जबलपुर पीठ ने पुलिस थाने में कथित अत्याचार के एक मामले में पुलिस महानिदेशक को निर्देश दिया कि वे...
लोक सेवकों की संपत्ति और देनदारियाँ निजी नहीं हैं, आरटीआई प्रकटीकरण पूरी तरह से छूट प्राप्त नहीं है: मद्रास हाईकोर्ट मद्रास उच्च...
कानून प्रवर्तन द्वारा कथित तौर पर सत्ता के दुरुपयोग को रेखांकित करने वाले एक मामले में, पुणे सिटी पुलिस के पीएसआई सुहास...
जिनके तहत PIO के खिलाफ FIR दर्ज की जा सकती है सुचना अधिकार अधिनियम -2005 के तहत माँगी गई जानकारी न देने...
⚫ सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि झूठा मामला दर्ज करने का आरोपी पुलिस अधिकारी यह दावा नहीं कर सकता कि दंड प्रक्रिया...
सर्वोच्च न्यायालय ने फैसला सुनाया कि झूठे मामले दर्ज करने या साक्ष्य गढ़ने के आरोपी पुलिस अधिकारियों के खिलाफ मुकदमा चलाने के...
पुलिस एक्ट 2007 आओ जाने क्या है ये राजस्थान पुलिस अधिनियम, 2007 की धारा 62 से 69 के तहत हर जिले में...
जिले के बुजुर्गों के हित मे प्रशासन या समाज कल्याण विभाग को जो कार्य करना होता है उसको क्यों नही कर रहा...
पुलिस सुधार : क़ानून कुछ राज्यों में, लोकतंत्र अभी भी इंतज़ार में भारत में पुलिस सुधार कोई नया विचार नहीं है।
दस्तावेजों तथा अभिलेखों से कथित छेड़छाड़ से संबंधित बड़ी कानूनी कार्रवाई: कोटपूतली थाने में एफआईआर दर्ज, कई गंभीर धाराएँ शामिल
लोक सेवकों के विरुद्ध शिकायत के लिए शपथ पत्र अनिवार्य-सुप्रीम कोर्ट
RTI का उल्लंघन : जब सूचना रोकी जाती है, तो कानून आवेदक के साथ खड़ा होता है
RTI कार्यकर्ताओं पर धमकी व उत्पीड़न : अपराध, धाराएँ और न्यायिक संरक्षण
दोषी सिद्ध नहीं होने तक आरोपी ही माना जाता है, फोटो जारी करना संविधान के अनुच्छेद 21 के तहत उल्लंघन – राजस्थान हाईकोर्ट
वर्दी की मर्यादा टूटी: हाईकोर्ट में अधिवक्ता के चैम्बर में दबिश, 3 पुलिसकर्मी सस्पेंड; दो मुकदमे दर्ज.
छत्तीसगढ़ के स्वास्थ्य मंत्री के द्वारा शासकीय स्वैच्छिक अनुदान की राशि को अपात्र और अपने ही शुभचिंतकों को देकर शासन को गंभीर आर्थिक क्षति पहुंचाई
झूठी FIR पर कार्रवाई इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने शिकायतकर्ताओं और गवाहों के खिलाफ कार्रवाई अनिवार्य की
महिला-वकील की ब्लैकमेलिंग ने बेटे की जान ली, ऐसे धंधे वालों के लिए कानून क्यों नहीं?